कचरे के ऊपर बैठकर सफर कर रहीं सफाई दीदियाँ, महापौर ने दिए जांच के आदेश
ट्रैक्टर-ट्रॉली में कचरे के बीच बैठकर जाती दिखीं महिलाएँ, महापौर बोले—जांच के बाद दोषियों पर होगी उचित कार्रवाई
कोरबा। शहर में घर-घर जाकर कचरा इकट्ठा करने वाली सफाई दीदियों की सुरक्षा से जुड़ा मामला सामने आया है। कचरा संग्रहण के बाद उसे निर्धारित केंद्र तक पहुँचाने के दौरान कुछ महिलाएँ कचरे से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली में कचरे के ऊपर बैठकर जाती दिखाई दीं। इस स्थिति ने सफाई कर्मचारियों की सुरक्षा और उनके लिए उपलब्ध परिवहन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सफाई दीदियाँ प्रतिदिन घरों से कचरा एकत्र कर शहर की स्वच्छता व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। लेकिन कचरे से भरी ट्रॉली में बैठकर सफर करना उनके लिए जोखिम भरा हो सकता है। चलते वाहन से गिरने, चोट लगने और दूषित कचरे के संपर्क में आने का खतरा बना रहता है।

मामले को गंभीरता से लेते हुए महापौर ने जांच के आदेश दिए हैं। महापौर का कहना है कि मामले की उचित जांच कराई जाएगी और जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। उनके इस बयान के बाद अब मामले में जांच और आगे होने वाली कार्रवाई पर नजर रहेगी।
सफाई दीदियों की सुरक्षा पर उठे सवाल
शहर को स्वच्छ रखने में योगदान देने वाली सफाई दीदियों के लिए सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था होना जरूरी है। घरों से कचरा संग्रहण करने और उसे केंद्र तक पहुँचाने के दौरान उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना संबंधित विभाग और एजेंसी की जिम्मेदारी है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या उनके लिए सुरक्षित आवागमन की पर्याप्त व्यवस्था उपलब्ध है और आखिर उन्हें कचरे से भरी ट्रॉली में बैठकर सफर क्यों करना पड़ रहा है?

महापौर के निर्देश पर होने वाली जांच में यह स्पष्ट होना महत्वपूर्ण है कि सफाई दीदियों को इस तरह यात्रा क्यों करनी पड़ी और इस व्यवस्था के लिए जिम्मेदार कौन है। साथ ही, भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसके लिए सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था सुनिश्चित करने की जरूरत है।
शहर को स्वच्छ रखने वाली सफाई दीदियों की सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है। अब देखना होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और जिम्मेदारों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।













